आईसीसी ने भ्रष्टाचार विरोधी नियमों के उल्लंघन के मामले में बड़ा एक्शन लिया है। इस कड़ी में आईसीसी ने वेस्टइंडीज के फास्ट बॉलिंग ऑलराउंडर जेवोन सर्ल्स को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है। आईसीसी के मुताबिक सर्ल्स को एंटी-करप्शन कोड का उल्लंघन करने का दोषी पाया गया है। ये मामला 2023-34 में बारबाडोस में खेले गए Bim10 लीग से जुड़ा है।
वहीं सर्ल्स के अलावा आईसीसी ने टाइटन्स टीम के मालिक चित्ररंजन राठौड़ और टीम अधिकारी ट्रेवन ग्रिफिथ को भी सभी प्रकार के क्रिकेट से निलंबित कर दिया है। बिम10 एक 10-10 ओवर की पारियों वाला टूर्नामेंट हैं जिसमें छह टीमें वॉयजर्स, गार्डियंस, टाइटन्स, सेटलर्स, वॉरियर्स और पेलिकन्स टीम खेलती हैं। यह टूर्नामेंट आखिरी बार 2023-24 में आयोजित हुआ था जो क्रिकेट वेस्टइंडीज के भ्रष्टाचार-रोधी नियमों के अंतर्गत आता है।
आईसीसी और क्रिकेट वेस्टइंडीज दोनों ने अपने-अपने भ्रष्टाचार रोधी संहिता के अंतर्गत ये आरोप लगाए हैं। आईसीसी ने कहा कि तीनों को 11 मार्च 2026 से 14 दिनों के भीतर इन आरोपों का जवाब देने का समय दिया गया है। आरोपों में मैच फिक्सिंग, खिलाड़ियों को भ्रष्ट गतिविधियों के लिए उकसाना और भ्रष्टाचार-रोधी अधिकारियों को संदिग्ध संपर्कों की जानकारी नहीं देना शामिल है।
सर्ल्स ने वेस्टइंडीज अंडर-19 टीम का प्रतिनिधित्व किया है। वह कैरेबियाई प्रीमियर लीग में त्रिनबागो नाइट राइडर्स के लिए खेले थे और 2018 में आईपीएल में कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए भी खेल चुके हैं। उन पर क्रिकेट वेस्टइंडीज की भ्रष्टाचार रोधी संहिता के तहत चार आरोप लगाए गए हैं। राठौड़ पर अपनी फ्रेंचाइजी के भीतर भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने का आरोप है।
वहीं ग्रिफिथ पर संहिता के तहत चार और आईसीसी संहिता के तहत एक आरोप लगाया गया है जिसमें जानकारी से छेड़छाड़ करके जांच में बाधा डालने का आरोप भी शामिल है। ये आरोप टूर्नामेंट के 2023-24 चरण पर चल रही जांच का हिस्सा हैं जिसमें पहले अमेरिका के बल्लेबाज आरोन जोन्स पर भी पांच उल्लंघनों के आरोप लगाए गए थे।